R-ABI (RKVY-RAFTAAR)
Ministry of Agriculture & Farmers Welfare
कृषि मंत्रालय द्वारा समर्थित कृषि-व्यवसाय इन्क्यूबेटरों का नेटवर्क जो प्रति कृषि-उद्यमी को ₹25 लाख तक का अनुदान प्रदान करता है।
R-ABI (RKVY-RAFTAAR) at a glance
| Part of | Ministry of Agriculture & Farmers Welfare |
|---|---|
| Established | 2018 |
| Address | New Delhi, Delhi, India |
| Official website | rkvy.nic.in |
Programs by R-ABI (RKVY-RAFTAAR)
3 past programs · Filter all programs
Schemes implemented by R-ABI (RKVY-RAFTAAR)
1 scheme — each groups the funding calls run under it.
About R-ABI (RKVY-RAFTAAR)
अवलोकन
RKVY-RAFTAAR कृषि व्यवसाय इनक्यूबेटर (R-ABI) कृषि एवं किसान कल्याण मंत्रालय की प्रमुख योजना राष्ट्रीय कृषि विकास योजना - कृषि और संबद्ध क्षेत्र कायाकल्प के लिए लाभकारी दृष्टिकोण (RKVY-RAFTAAR) की कृषि-उद्यमिता शाखा है। यह कार्यक्रम देश भर के कृषि विश्वविद्यालयों, ICAR संस्थानों, IITs और पशु चिकित्सा अनुसंधान केंद्रों में R-ABI को स्वीकृति देकर भारत के कृषि-व्यवसाय इनक्यूबेशन बुनियादी ढांचे को मजबूत करता है।
नेटवर्क
R-ABI भारत भर में फैले 50 से अधिक इन्क्यूबेटरों के एक संघीय नेटवर्क के रूप में काम करता है — जिसमें IIT (BHU) वाराणसी, केरल कृषि विश्वविद्यालय, IGKV रायपुर, ANGRAU, आनंद कृषि विश्वविद्यालय, बागवानी और वानिकी महाविद्यालय, IVRI बरेली और कई अन्य शामिल हैं — प्रत्येक एक सामान्य ढांचे के तहत समान कार्यक्रम ट्रैक संचालित करता है।
कार्यक्रम
प्रत्येक R-ABI प्रति वर्ष तीन मानकीकृत कार्यक्रम चलाता है:
- ANKURAN (Agri-Entrepreneurship Orientation) — 2 महीने का आवासीय अभिविन्यास जो कृषि-उद्यमियों को विचार निर्माण, ग्राहक पहचान, व्यवसाय मॉडल डिजाइन और उद्यम वित्त से परिचित कराता है। इसमें प्रति प्रतिभागी ₹10,000 का मासिक वजीफा शामिल है।
- PRASFUTAN (Seed-Stage Funding) — मान्य प्रोटोटाइप वाले कृषि-स्टार्टअप के लिए प्रति स्टार्टअप ₹25 लाख तक का प्रारंभिक चरण का अनुदान, जिसमें 90% अनुदान और 10% संस्थापक योगदान होता है।
- SRIJAN (Student Entrepreneurship) — कृषि विश्वविद्यालय के छात्रों के लिए विचारों को कक्षा से व्यवसायीकरण तक ले जाने का कार्यक्रम।
क्षेत्र
ध्यान विशेष रूप से कृषि और संबद्ध क्षेत्रों पर है: कृषि-इनपुट नवाचार, फसल कटाई के बाद की तकनीक, खाद्य प्रसंस्करण, डेयरी, मत्स्य पालन, पशुधन, कृषि-फिनटेक, कृषि-आपूर्ति श्रृंखला, सटीक कृषि, कृषि-बायोटेक, और ग्रामीण आजीविका।
पात्रता
कृषि-व्यवसाय विचार या प्रारंभिक चरण के कृषि-स्टार्टअप वाले भारतीय नागरिक। विशिष्ट पात्रता (निगमन स्थिति, प्रोटोटाइप परिपक्वता, संस्थापक की आयु) कार्यक्रम के अनुसार भिन्न होती है — प्रस्फुटन (PRASFUTAN) के लिए एक कार्यशील प्रोटोटाइप वाली निगमित इकाई की आवश्यकता होती है, जबकि अंकुरण (ANKURAN) और सृजन (SRIJAN) विचार-स्तर के आवेदकों के लिए खुले हैं।
प्रभाव
2018-19 में अपनी स्थापना के बाद से, R-ABI ने सामूहिक रूप से 2,000 से अधिक कृषि-स्टार्टअप को इन्क्यूबेट किया है और ₹150 करोड़ से अधिक का अनुदान वितरित किया है, जिसमें पोर्टफोलियो कंपनियां सभी 28 राज्यों में कार्यरत हैं।
किसे आवेदन करना चाहिए
कृषि-तकनीक (agri-tech), खाद्य-तकनीक (food-tech), या ग्रामीण आजीविका समाधानों का निर्माण करने वाले संस्थापक जो कृषि विश्वविद्यालय या अनुसंधान संस्थान के माध्यम से गैर-डाइल्यूटिव अनुदान पूंजी के साथ-साथ संस्थागत इन्क्यूबेशन चाहते हैं।
Who they work with
Stage
Sectors
Tags
Frequently asked questions about R-ABI (RKVY-RAFTAAR)
What does R-ABI (RKVY-RAFTAAR) do?
RKVY-RAFTAAR कृषि व्यवसाय इनक्यूबेटर (R-ABI) कृषि एवं किसान कल्याण मंत्रालय की प्रमुख योजना राष्ट्रीय कृषि विकास योजना - कृषि और संबद्ध क्षेत्र कायाकल्प के लिए लाभकारी दृष्टिकोण (RKVY-RAFTAAR) की कृषि-उद्यमिता शाखा है। यह कार्यक्रम देश भर के कृषि विश्वविद्यालयों, ICAR संस्थानों, IITs और पशु चिकित्सा अनुसंधान केंद्रों म…
Where is R-ABI (RKVY-RAFTAAR) located?
R-ABI (RKVY-RAFTAAR) is based in New Delhi, Delhi, India.
What sectors does R-ABI (RKVY-RAFTAAR) support?
R-ABI (RKVY-RAFTAAR) works with startups in Agritech, Foodtech, Dairy, Fisheries, Animal Husbandry and Agri-Biotech and other sectors.
What stage of startup does R-ABI (RKVY-RAFTAAR) support?
R-ABI (RKVY-RAFTAAR) supports startups at the Ideation, Validation and Early Revenue stages.
When was R-ABI (RKVY-RAFTAAR) founded?
R-ABI (RKVY-RAFTAAR) was founded in 2018. It operates as a government.
Recommended grants & schemes
Other open programmes matching R-ABI (RKVY-RAFTAAR)'s focus areas.






