Scheme for Margin Money Grant to Nano Units, Directorate of Industries and Commerce, Government of Kerala की एक प्रमुख पहल है, जिसे राज्य के सूक्ष्म-उद्यम क्षेत्र में नई जान डालने के लिए तैयार किया गया है। यह ऋण-आधारित योजना विनिर्माण, जॉब वर्क और ऐसी सेवा गतिविधियों में लगी नई Nano इकाइयों को महत्वपूर्ण वित्तीय सहायता देती है जिनमें किसी भी रूप में मूल्यवर्धन (value addition) होता हो। इसका मूल उद्देश्य पात्र उद्यमियों पर पड़ने वाले आर्थिक बोझ को न लौटाए जाने वाले मार्जिन मनी अनुदान के ज़रिए कम करना है, ताकि केरल में छोटे पैमाने के उद्यमों की स्थापना और वृद्धि को प्रोत्साहन मिले।
यह कार्यक्रम विशेष रूप से नई Nano प्रोप्राइटरी इकाइयों को लक्षित करता है और ₹10 लाख तक की परियोजना लागत पर सहयोग देता है। यह वित्तीय सहायता किसी नए व्यवसाय के कई ज़रूरी घटकों को कवर करने में मददगार होती है, जिनमें भूमि विकास, भवन लागत, प्लांट व मशीनरी, विद्युतीकरण तथा महत्वपूर्ण प्रारंभिक एवं पूर्व-परिचालन खर्च शामिल हैं। शुरुआती निवेश के एक बड़े हिस्से पर मार्जिन मनी अनुदान देकर यह योजना पहली बार उद्यम शुरू करने वालों और सीमित पूँजी पहुँच वाले लोगों के लिए उद्यमशीलता के जोखिम को कम करना चाहती है।
प्रत्यक्ष वित्तीय सहायता के अलावा, यह योजना विशेष श्रेणियों के आवेदकों को अतिरिक्त लाभ देकर समावेशी विकास को बढ़ावा देने के लिए बनाई गई है। महिलाएँ, युवा (18-40 वर्ष), दिव्यांगजन, भूतपूर्व सैनिक और SC/ST वर्ग के व्यक्ति अतिरिक्त अनुदान पाते हैं, जो न्यायसंगत आर्थिक विकास के प्रति सरकार की प्रतिबद्धता को दर्शाता है। यह लक्षित दृष्टिकोण कम प्रतिनिधित्व वाले समूहों के सामने आने वाली पारंपरिक बाधाओं को दूर करने में मदद करता है और केरल भर में एक अधिक विविध व जीवंत उद्यमशीलता तंत्र को बढ़ावा देता है। योजना की दीर्घकालिक सोच आत्मनिर्भर Nano उद्यमों का एक मज़बूत नेटवर्क खड़ा करना है, जो स्थानीय रोज़गार सृजन और आर्थिक समृद्धि में उल्लेखनीय योगदान दे।